बिहार सरकार ने वाहन मालिकों पर बढ़ाया आर्थिक बोझ, दस बड़े पुलों पर लगेगा टोल टैक्स, सर्वे हुआ शुरू

सबसे ज्यादा राजस्व देनेवाली अनुभवी टोल एजेंसियों को ही दिया जायेगा यह काम

Bihar Road Toll Tax

Courtesy: DD News

पटना (बिहार)। वाहन मालिकों की जेब पर अब टोल टैक्स का अतिरिक्त बोझ बढ़नेवाला है। राज्य सरकार सड़कों और पुलों के बेहतर रख-रखाव एवं सुरक्षा के लिए टोल टैक्स नियमों को और कड़ा करने जा रही है। नये नियमों के मुताबिक, बिहार के उन सभी पुलों पर अब गाड़ी मालिकों को टोल टैक्स चुकाना होगा, जिसकी लम्बाई 250 मीटर से अधिक है। 250 मीटर से ज्यादा लम्बाई वाले अधिकांश बड़े पुल पटना और गया जिले के अंतर्गत आते हैं। पथ निर्माण विभाग ने इसके लिए विस्तृत सर्वे का काम भी शुरू कर दिया है। सर्वे के शुरुआती चरण में जिन 10 बड़े और व्यस्त पुलों को टोल टैक्स वसूलने के लिए चिह्नित किया गया है, उनमें बख्तियारपुर का ताजपुर पुल, नवगछिया का कोसी नदी पुल, आरा—छपरा गंगा नदी पुल, पटना का कच्ची दरगाह-बिदुपुर पुल, दरभंगा का करेह नदी पुल, गोपालगंज और बेतिया पुल (सत्तार घाट/अन्य महासेतु), गया का फल्गु नदी पुल, सहरसा का बलुआहा घाट पुल, खगड़िया का फुलतौरा घाट पुल और नालन्दा का सकरी पुल शामिल हैं। पुल जितना लम्बा होगा, उसी अनुपात में टोल टैक्स की दरें तय की जायेंगी। इसके अलावा, प्रतिदिन पुल से कितनी छोटी और बड़ी गाड़ियां गुजरती हैं, इसका सटीक आँकड़ा निकाला जा रहा है। यह देखा जा रहा है कि पुल पूरी तरह शहरी क्षेत्र में है या ग्रामीण इलाके में। साथ ही, इन पुलों की नेशनल हाईवे पर पहले से मौजूद टोल प्लाजा से दूरी कितनी है, इसे भी ध्यान में रखा जायेगा ताकि चालकों पर दोहरा बोझ न पड़े।
 
कैबिनेट से मिल चुकी है मंजूरी

बिहार सरकार ने पिछले दिनों हुई कैबिनेट की बैठक में ‘बिहार पथ उपयोगकर्ता शुल्क (दरों का निर्धारण एवं संग्रहण) नियमावली’ को हरी झंडी दे दी थी। सरकार का मुख्य उद्देश्य इन टोल टैक्सों के जरिये मिलनेवाले राजस्व से राज्य के पुलों की समय पर मरम्मत, सुदृढ़ीकरण और बेहतर देखभाल सुनिश्चित करना है। इस नयी व्यवस्था को पारदर्शी और प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए टोल टैक्स वसूलने का जिम्मा निजी कम्पनियों को सौंपा जायेगा। राज्य में सबसे ज्यादा राजस्व देनेवाली और अनुभवी टोल एजेंसियों को ही यह काम दिया जायेगा, ताकि अत्याधुनिक तकनीकों के जरिये टोल संग्रह सुचारू रूप से किया जा सके।